लोकसभा में पास हुआ VB–G राम G, यहां समझें इस बिल के 5 सबसे बड़े फायदे

बिल पर जवाब देते हुए शिवराज सिंह चौहान ने मनरेगा के नामकरण को लेकर विपक्ष पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि शुरुआत में इस योजना का नाम नरेगा था और उसमें महात्मा गांधी का नाम शामिल नहीं था।

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लोकसभा में ‘विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन (ग्रामीण)’ यानी VB–G RAM G बिल पर चर्चा के दौरान जबरदस्त हंगामा देखने को मिला। कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सदन में सरकार का पक्ष रखा, जबकि विपक्ष ने बिल का तीखा विरोध किया। विरोध के दौरान विपक्षी सांसद नारेबाजी करते हुए वेल में पहुंच गए और कागज भी उछाले। भारी शोर-शराबे के बीच यह बिल ध्वनिमत से पारित कर दिया गया।

बिल पर जवाब देते हुए शिवराज सिंह चौहान ने मनरेगा के नामकरण को लेकर विपक्ष पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि शुरुआत में इस योजना का नाम नरेगा था और उसमें महात्मा गांधी का नाम शामिल नहीं था। उनके मुताबिक, साल 2009 के चुनाव के दौरान राजनीतिक कारणों से इसमें महात्मा गांधी का नाम जोड़ा गया। उन्होंने कहा कि उस समय चुनावी फायदे के लिए बापू को याद किया गया।

इससे पहले विपक्षी दलों ने इस प्रस्तावित कानून के खिलाफ संसद परिसर में विरोध मार्च भी निकाला। इस मार्च में विपक्ष के 50 से अधिक सांसद शामिल हुए और उन्होंने VB–G RAM G बिल को वापस लेने की मांग की।

बुधवार को लोकसभा में इस बिल पर करीब 14 घंटे लंबी बहस हुई। सदन की कार्यवाही देर रात 1:35 बजे तक चली, जिसमें कुल 98 सांसदों ने चर्चा में हिस्सा लिया। विपक्ष ने सरकार से मांग की कि इस बिल को पास करने से पहले स्टैंडिंग कमेटी के पास भेजा जाए। विपक्ष का तर्क था कि यह प्रस्तावित कानून 20 साल पुराने मनरेगा (MGNREGA) कानून की जगह लेने जा रहा है, इसलिए इस पर और गहन विचार जरूरी है।

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मनरेगा से कैसे अलग है VB–G RAM G? सरकार के मुताबिक, मनरेगा में ज्यादा जोर अस्थायी मजदूरी पर था, जबकि VB–G RAM G योजना में:

  • रोजगार + आजीविका दोनों पर फोकस
  • स्किल और स्वरोजगार को प्राथमिकता
  • ग्रामीण आय बढ़ाने की दीर्घकालिक रणनीति

शामिल की गई है। हालांकि विपक्ष का कहना है कि मनरेगा ने करोड़ों लोगों को रोजगार दिया और नए कानून से उसकी मूल भावना कमजोर हो सकती है।

किसे मिलेगा इस योजना का लाभ? सरकार के मुताबिक, VB–G RAM G योजना का लाभ:

  • ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले परिवारों
  • बेरोजगार और अर्ध-बेरोजगार लोगों
  • दिहाड़ी मजदूरों
  • गरीब और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों

को दिया जाएगा। योजना का लक्ष्य है कि ग्रामीण इलाकों में रहने वाले लोगों को अपने गांव में ही काम और आय के साधन मिल सकें।

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VB–G RAM G बिल में कौन-कौन सी सुविधाएं मिलेंगी? प्रस्तावित कानून के तहत ग्रामीण परिवारों को निम्न सुविधाएं और अवसर मिल सकते हैं:

  • रोजगार की गारंटी: सरकार ग्रामीण परिवारों को तय अवधि तक काम देने की जिम्मेदारी लेगी।
  • आजिविका आधारित कार्य: केवल सड़क, तालाब या मिट्टी के काम नहीं, बल्कि कृषि, पशुपालन, डेयरी, बागवानी और ग्रामीण उद्योगों से जुड़े काम शामिल होंगे।
  • स्किल डेवलपमेंट: युवाओं को प्रशिक्षण देकर उन्हें हुनरमंद बनाया जाएगा, ताकि वे स्थायी कमाई कर सकें।
  • स्थानीय विकास कार्य: गांवों में जल संरक्षण, सिंचाई, सड़क, गोदाम और सामुदायिक ढांचे विकसित किए जाएंगे।
  • महिलाओं और स्वयं सहायता समूहों को बढ़ावा: महिला समूहों और ग्रामीण उद्यमों को विशेष प्राथमिकता दी जाएगी।

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