Share Market में आने वाला है सबसे बड़ा क्रैश, Robert Kiyosaki ने बताया कैसे बनें अमीर?

197

वित्तीय दुनिया में एक बार फिर हलचल मच गई है। पर्सनल फाइनेंस की चर्चित किताब Rich Dad Poor Dad के लेखक Robert Kiyosaki ने संभावित बड़े स्टॉक मार्केट क्रैश को लेकर नई चेतावनी जारी की है। उनका कहना है कि बाज़ार में बड़ी गिरावट करीब है और जो लोग तैयार हैं, उनके लिए यह खतरा नहीं बल्कि अवसर साबित हो सकता है।

कियोसाकी पिछले कई वर्षों से आर्थिक व्यवस्था को एक “बबल” बताते रहे हैं। अपनी 2013 की किताब Rich Dad’s Prophecy के बाद से वह लगातार यह कहते आए हैं कि मौजूदा फाइनेंशियल सिस्टम कर्ज, फिएट करेंसी और कमजोर रिटायरमेंट ढांचे पर टिका है, जो किसी भी समय दबाव में आ सकता है। 17 फरवरी को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर की गई पोस्ट में उन्होंने दोहराया कि बड़ा क्रैश अब दूर नहीं है।

उन्होंने लिखा कि जिन्होंने पहले से तैयारी की है, उनके लिए आने वाली गिरावट “सपनों से भी ज्यादा अमीर बनने” का मौका बन सकती है। वहीं जो लोग बिना तैयारी के हैं, उनके लिए यह दौर मुश्किल भरा हो सकता है।

ये भी पढ़ें: AI से बनाइए Mahashivratri पर महादेव के साथ वायरल VIDEO, जानिए पूरा तरीका

क्रैश में मौका कैसे?
कियोसाकी का मानना है कि बाजार में गिरावट के समय असली संपत्तियां (Real Assets) सस्ते दाम पर मिलती हैं। उन्होंने बताया कि उनके पास फिजिकल गोल्ड, सिल्वर और Bitcoin है, और अगर कीमतें और गिरती हैं तो वह और बिटकॉइन खरीदने की योजना रखते हैं।

उनका तर्क है कि बिटकॉइन की अधिकतम सप्लाई 21 मिलियन कॉइन तक सीमित है, इसलिए इसकी कमी (scarcity) इसे अस्थिर बाजार में एक संभावित बचाव साधन बनाती है। उन्होंने यह भी कहा कि वह “पेपर गोल्ड” या डिजिटल दावों के बजाय वास्तविक एसेट्स को प्राथमिकता देते हैं।

पंचदूत अब व्हाट्सएप चैनल पर उपलब्ध है। लिंक पर क्लिक करें और अपने चैट पर पंचदूत की सभी ताज़ा खबरें पाएं।

गिरावट से घबराहट नहीं, रणनीति ज़रूरी
हालिया आंकड़ों के अनुसार, अक्टूबर में बने अपने उच्च स्तर 1,27,000 डॉलर से बिटकॉइन की कीमत करीब 40 प्रतिशत नीचे कारोबार कर रही है। इसी दौरान व्यापक क्रिप्टो बाजार का कुल मूल्य लगभग 2 ट्रिलियन डॉलर घट चुका है। ऐसे माहौल में कियोसाकी का कहना है कि जब लोग डरकर बेचते हैं, तब समझदारी से खरीदारी करने वाले लंबी दौड़ में फायदा उठा सकते हैं।

उनकी सोच साफ है, आर्थिक मंदी या मार्केट क्रैश केवल संकट नहीं होते, बल्कि समझदारी से कदम उठाने वालों के लिए यह पूंजी बढ़ाने का समय भी बन सकते हैं। हालांकि, किसी भी निवेश से पहले जोखिम और अपनी वित्तीय स्थिति को ध्यान में रखना जरूरी है।

देश और दुनिया की ताजा ख़बरें (Hindi News) पढ़ें। आप हमें फेसबुकट्विटरइंस्ट्राग्राम और यूट्यूब चैनल पर फॉलो कर सकते हैं।