-कार्यशाला में 100 से अधिक छात्राओं को सैनेट्री नेपकिन वितरित, पीरियड्स पर खुलकर बात करने का दिया संदेश
हनुमानगढ़। महिला स्वास्थ्य, स्वच्छता और आत्मसम्मान को बढ़ावा देने के उद्देश्य से महावीर इंटरनेशनल वीरा सेन्टर द्वारा सोमवार को गरिमा अभियान के तहत एक विशेष जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम टाउन स्थित शिशु शिक्षा सदन विद्यालय में आयोजित हुआ, जिसमें विद्यालय की 100 से अधिक छात्राओं ने भाग लिया। इस अवसर पर वीरा सेन्टर की ओर से सभी छात्राओं को सैनेट्री नेपकिन वितरित किए गए, साथ ही उन्हें मासिक धर्म के दौरान स्वच्छता, पोषण और आत्म-सम्मान से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियाँ दी गईं।
कार्यशाला की मुख्य वक्ता राजकीय चिकित्सालय हनुमानगढ़ की गायनी विशेषज्ञ डॉ. नेहा अरोड़ा रहीं, जिन्होंने छात्राओं को मासिक धर्म से संबंधित शारीरिक और मानसिक परिवर्तनों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि “पीरियड्स एक प्राकृतिक प्रक्रिया है, जिसे किसी भी प्रकार की शर्म या छिपाने की भावना से नहीं जोड़ना चाहिए। हमें इस पर खुलकर बात करनी चाहिए ताकि आने वाली पीढ़ी सही जानकारी और स्वस्थ दृष्टिकोण के साथ आगे बढ़ सके।” डॉ. अरोड़ा ने छात्राओं को यह भी बताया कि मासिक धर्म के दिनों में व्यक्तिगत स्वच्छता पर विशेष ध्यान देना जरूरी है, क्योंकि अस्वच्छता संक्रमण और कई स्वास्थ्य समस्याओं का कारण बन सकती है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता वीरा सेन्टर अध्यक्ष कंचन गुप्ता ने की। उन्होंने कहा कि “पीरियड्स कोई अभिशाप नहीं बल्कि एक वरदान है, जो स्त्री जीवन की सृजनात्मकता का प्रतीक है।” उन्होंने छात्राओं से आग्रह किया कि वे इस विषय पर खुलकर बात करें और दूसरों को भी जागरूक करें। कंचन गुप्ता ने बताया कि वीरा सेन्टर महिलाओं की गरिमा और स्वाभिमान को बढ़ावा देने के लिए समय-समय पर ऐसे जागरूकता अभियान चलाता रहा है। उन्होंने कहा कि गरिमा अभियान का उद्देश्य महिलाओं और किशोरियों को शारीरिक, मानसिक और सामाजिक रूप से सशक्त बनाना है।
इस अवसर पर अविशी छाबड़ा, पायल चिलाना, कोमल मुरजानी, रितिका छाबड़ा, परीक्षा बांठिया, सुचिता जैन, मीना गर्ग सहित ग्रुप की अन्य सदस्याएं भी उपस्थित रहीं। सभी ने छात्राओं को सैनेट्री नेपकिन वितरित किए और उनसे संवाद करते हुए उनके प्रश्नों के उत्तर दिए। कार्यक्रम के अंत में विद्यालय प्रशासन ने महावीर इंटरनेशनल वीरा सेन्टर का धन्यवाद व्यक्त किया और कहा कि इस तरह के आयोजन न केवल छात्राओं में जागरूकता बढ़ाते हैं, बल्कि उन्हें आत्मविश्वास के साथ जीवन जीने की प्रेरणा भी देते हैं।
देश और दुनिया की ताजा ख़बरें (Hindi News) पढ़ें। आप हमें फेसबुक, ट्विटर, इंस्ट्राग्राम और यूट्यूब चैनल पर फॉलो कर सकते हैं।




































