– 125 अधिवक्ताओं के हस्ताक्षर सहित प्रतिनिधि मंडल ने कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन, वित्तीय अधिकार वापस लेने का चल प्रस्ताव
हनुमानगढ़। बार संघ सदस्यों द्वारा लंबे समय से प्रारम्भिक सुविधाओं जैसे सफाई व्यवस्था, स्वच्छ शौचालय एवं स्वच्छ पेयजल की मांग उठाए जाने तथा वैल्फेयर के नाम पर लाखों रुपये एकत्र होने के बावजूद अधिवक्ताओं की सामान्य आवश्यकताओं की पूर्ति नहीं होने को लेकर असंतोष सामने आया है। इसी क्रम में 125 अधिवक्ताओं के हस्ताक्षरों के साथ एक ज्ञापन प्रतिनिधि मंडल ने जिला कलेक्टर को सौंपा गया। यह ज्ञापन पूर्व बार संघ अध्यक्ष जितेंद्र सारस्वत एवं पूर्व बाल कल्याण समिति अध्यक्ष जोधा सिंह भाटी के नेतृत्व में दिया गया।
ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि बार संघ का विधिवत बैंक खाता तक नहीं खोला गया है और वित्तीय लेन-देन की पारदर्शिता नहीं रखी जा रही। वर्ष के अंत में अलग-अलग विवरण दर्ज किए बिना आय-व्यय को लगभग बराबर दर्शाकर सदस्यों को जानकारी दी जाती रही है। वर्ष 2025 की कार्यकारिणी का हिसाब वर्तमान कार्यकारिणी सचिव द्वारा व्हाट्सएप ग्रुप के माध्यम से साझा किया गया, जिसमें मात्र 35,751 रुपये की बचत दर्शाई गई। अधिवक्ताओं का आरोप है कि वर्ष भर में अध्यक्ष द्वारा मनमाने ढंग से खर्च दिखाया गया।
ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि इससे पूर्व 05.11.202 को वित्तीय अनियमितताओं को लेकर चल प्रस्ताव बार काउंसिल ऑफ राजस्थान को भेजा जा चुका है। इसके बावजूद वर्तमान बार संघ अध्यक्ष द्वारा हठधर्मितापूर्ण रवैया अपनाया जा रहा है। बार संघ का बैंक खाता खुलवाने एवं बार संविधान के अनुरूप कार्यवाही चलाने के आग्रह के बावजूद कोई कदम नहीं उठाया गया। वहीं बिना आमसभा में प्रस्ताव पारित किए वकालतनामा शुल्क 250 रुपये कर दिया गया, जो बार संघ संविधान की धारा 16 का उल्लंघन बताया गया है।
अधिवक्ताओं ने स्पष्ट किया कि ऐसी कोई भी कार्यवाही आमसभा में प्रस्ताव पास किए बिना नहीं की जा सकती। इसी कारण बार संघ सदस्यों ने चल प्रस्ताव लेते हुए यह निर्णय किया है कि जब तक पूरे वर्ष का लेखा-जोखा प्रस्तुत नहीं किया जाता, बार संघ संविधान के अनुरूप बैंक खाता नहीं खोला जाता तथा विधि अनुसार कार्य नहीं किया जाता, तब तक बार संघ के सभी वित्तीय अधिकार वापस लिए जाएं। साथ ही अधिवक्ताओं ने यह भी निर्णय लिया कि वे केवल राजस्थान बार काउंसिल द्वारा देय वैलफेयर टिकट को ही मान्यता देंगे और भविष्य में वकालतनामे पर वही टिकट चस्पा की जाएगी।
ज्ञापन की प्रतिलिपि संबंधित विभागों को सूचनार्थ भेजी गई है। अधिवक्ताओं ने जिला प्रशासन से मामले में संज्ञान लेकर उचित कार्रवाई की मांग की है।
देश और दुनिया की ताजा ख़बरें (Hindi News) पढ़ें। आप हमें फेसबुक, ट्विटर, इंस्ट्राग्राम और यूट्यूब चैनल पर फॉलो कर सकते हैं।








































