Tanushree Dutta ने लगाई मदद की गुहार, रोते हुए VIDEO कहा-मुझे बचा लो..!

नुश्री दत्ता ने अपने ऑफिशियल इंस्टाग्राम अकाउंट से एक वीडियो शेयर किया है, जिसमें वो रोती हुईं नजर आ रही हैं। वीडियो में उन्होंने कहा, 'दोस्तों मुझे मेरे ही घर में हैरेस किया जा रहा है।

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एक बार फिर तनुश्री दत्ता (Tanushree Dutta) सुर्खियों में हैं लेकिन इस बार वजह कोई फिल्मी किरदार या प्रेस कॉन्फ्रेंस नहीं, बल्कि एक भावुक वीडियो अपील है जिसमें वह रोते हुए कहती हैं “मुझे मारा-पीटा नहीं गया है, लेकिन मानसिक रूप से इतना तोड़ा गया है कि मैं ज़िंदा होकर भी मर चुकी हूं।”

एक्ट्रेस ने कहा है कि उन्हें पिछले 4-5 सालों से हैरेस किया जा रहा है। एक्ट्रेस ने मंगलवार को परेशान होकर पुलिस बुलाई थी, लेकिन उनसे कहा गया कि वो शिकायत लिखवाने के लिए पुलिस स्टेशन आएं। एक्ट्रेस ने कहा है कि देर होने से पहले उनकी मदद की जाए।

तनुश्री दत्ता ने अपने ऑफिशियल इंस्टाग्राम अकाउंट से एक वीडियो शेयर किया है, जिसमें वो रोती हुईं नजर आ रही हैं। वीडियो में उन्होंने कहा, ‘दोस्तों मुझे मेरे ही घर में हैरेस किया जा रहा है। मैंने अभी पुलिस को कॉल किया है। परेशान होकर मैंने पुलिस को कॉल किया पुलिस आई। उन्होंने मुझे पुलिस स्टेशन आकर शिकायत करने को कहा है। मैं कल या परसों शिकायत करूंगी। मैं ठीक नहीं हूं।

मुझे इतना परेशान किया गया है चार-पांच सालों में कि मेरी तबीयत खराब हो गई है। मैं कोई काम नहीं कर पा रही हूं, मेरा घर बिखरा पड़ा हुआ है।’ वीडियो के साथ तनुश्री दत्ता ने लिखा है, ‘मैं इस हैरेसमेंट से तंग आ चुकी हूं। ये 2018 से चल रहा है। हैश टैग मीटू। आज तंग आकर पुलिस को कॉल किया। प्लीज कोई मदद करो। कुछ करो इससे पहले देर हो जाए।’

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2018 में भारत में #MeToo आंदोलन की शुरुआत करने वाली इस अभिनेत्री की कहानी अब एक नई और कहीं ज़्यादा तकलीफदेह मोड़ पर पहुंच गई है। सवाल है, क्या एक महिला, जिसने सिस्टम को उसकी जिम्मेदारी का आईना दिखाया, अब उसी सिस्टम से असहाय होकर मदद मांग रही है?

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क्या था मीटू मामला
तनुश्री दत्ता ने साल 2018 में नाना पाटेकर और विवेक अग्निहोत्री पर यौन उत्पीड़न और सेट पर बदसलूकी के आरोप लगाए थे। इन आरोपों ने देश में मीटू आंदोलन को हवा दी, लेकिन जल्द ही जांच प्रक्रिया विवादों में घिर गई। मुंबई पुलिस ने 2019 में इस मामले में ‘बी‑समरी’ रिपोर्ट दाखिल की यानी, ऐसा निष्कर्ष जिसमें कहा गया कि आरोपों को साबित करने के लिए पर्याप्त सबूत नहीं हैं।

कोर्ट ने भी इस रिपोर्ट को स्वीकार कर मामला बंद कर दिया। लेकिन तनुश्री ने 2022 में कोर्ट से इस रिपोर्ट को चुनौती दी। हाल ही में, जुलाई 2025 में कोर्ट ने रिपोर्ट को आंशिक रूप से खारिज करते हुए, उनके पुनर्विचार को स्वीकार किया। तनुश्री ने इसे ‘संघर्ष की जीत’ कहा।

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