पटवारी देवीलाल से कथित मारपीट के विरोध में पटवार संघ ने खोला मोर्चा

24

-दोषी पुलिसकर्मियों के निलंबन और निष्पक्ष जांच की मांग, 29 अक्टूबर से काली पट्टी बांधकर जताएंगे विरोध
हनुमानगढ़। सूरतगढ़ थानाधिकारी और अन्य पुलिसकर्मियों पर राजस्व पटवारी देवीलाल को अवैध हिरासत में रखकर मारपीट एवं दुर्व्यवहार करने के आरोपों को लेकर राजस्थान पटवार संघ ने कड़ा विरोध जताया है। संघ ने मामले में दोषी पुलिसकर्मियों के विरुद्ध त्वरित कार्रवाई, संबंधित थानाधिकारी के निलंबन और निष्पक्ष उच्चस्तरीय जांच की मांग की है। मांगों पर कार्रवाई नहीं होने की स्थिति में संघ ने चरणबद्ध आंदोलन शुरू करने की चेतावनी दी है।
राजस्थान पटवार संघ, बीकानेर संभाग की ओर से 28 अक्टूबर 2026 को पुलिस महानिरीक्षक, बीकानेर रेंज को ज्ञापन भेजकर पूरे मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की गई है। ज्ञापन के अनुसार, तहसील पीलीबंगा में कार्यरत पटवारी देवीलाल 22 अक्टूबर को अपनी पत्नी को चिकित्सकीय जांच के लिए निजी स्कूटी से सूरतगढ़ स्थित अस्पताल ले जा रहे थे। संघ का आरोप है कि जल्दबाजी के कारण हेलमेट नहीं पहन पाने पर यातायात नियमों के तहत चालान की कार्रवाई करने के बजाय सूरतगढ़ थानाधिकारी श्रीमती कलावती और अन्य पुलिसकर्मी उन्हें जबरन थाने ले गए।
संघ ने आरोप लगाया कि पटवारी को थाने में अवैध हिरासत में रखकर उनके साथ मारपीट, गाली-गलौज और अमानवीय व्यवहार किया गया। संघ ने इसे राजस्व कर्मचारी के सम्मान और मानवाधिकारों का उल्लंघन बताते हुए संबंधित पुलिसकर्मियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है।
ज्ञापन में बताया गया कि इस मामले में 23 अक्टूबर को पुलिस अधीक्षक और जिला कलेक्टर, श्रीगंगानगर को भी लिखित शिकायत दी गई थी। संघ के अनुसार, पुलिस अधीक्षक ने दो दिन में निष्पक्ष जांच कर कार्रवाई का आश्वासन दिया था, लेकिन ज्ञापन दिए जाने तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं होने से कर्मचारियों में रोष है।

देश और दुनिया की ताजा ख़बरें (Hindi News) पढ़ें। आप हमें फेसबुक, ट्विटर, इंस्ट्राग्राम और यूट्यूब चैनल पर फॉलो कर सकते हैं।